अभिषेक बनर्जी पर सोनारपुर में हमला: विरोध प्रदर्शन के दौरान लगे विवादित नारे, सांसद का पलटवार- 'ऐसी हरकतों से नहीं थमेगी हमारी रफ्तार'
सोनारपुर | तृणमूल कांग्रेस (TMC) के राष्ट्रीय महासचिव और सांसद अभिषेक बनर्जी को शनिवार को अपने सोनारपुर दौरे के दौरान स्थानीय निवासियों के तीव्र विरोध और जनाक्रोश का सामना करना पड़ा। इस दौरान विरोध प्रदर्शन इतना उग्र हो गया कि कुछ लोगों ने कथित तौर पर उनके साथ धक्का-मुक्की की और हाथापाई करने की कोशिश भी की। टीएमसी सांसद यहां विधानसभा चुनाव के बाद भड़की राजनीतिक हिंसा के शिकार हुए स्थानीय परिवारों से मुलाकात करने और उन्हें सांत्वना देने के लिए पहुंचे थे। इस अप्रत्याशित घटनाक्रम के बाद इलाके में भारी राजनीतिक तनाव व्याप्त हो गया है।
बीजेपी पर मढ़ा हमले का आरोप, सुरक्षा व्यवस्था और पुलिस की मुस्तैदी पर उठाए सवाल
इस तीखे विरोध और कथित हमले पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए सांसद अभिषेक बनर्जी ने सीधे तौर पर मुख्य विपक्षी दल को इसके लिए जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा, "यह पूरा घटनाक्रम भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) द्वारा प्रायोजित और सुनियोजित है। देखिए, इन लोगों ने किस तरह का व्यवहार किया है; यही इनकी नजरों में लोकतंत्र की जीती-जागती मिसाल है।" बनर्जी ने स्थानीय प्रशासन और कानून व्यवस्था पर भी उंगली उठाते हुए कहा कि चुनाव संपन्न हुए अभी एक महीना भी नहीं बीता है और जमीनी स्तर पर पुलिस सुरक्षा कहीं भी दिखाई नहीं दे रही है।
हत्या की साजिश का अंदेशा, साक्ष्यों के साथ हाई कोर्ट और राज्यपाल का दरवाजा खटखटाएगी टीएमसी
अभिषेक बनर्जी ने घटना की गंभीरता को रेखांकित करते हुए आरोप लगाया कि विरोधी तत्व उन पर जानलेवा हमला करना चाहते थे। उन्होंने कहा, "वहां मौजूद लोग मुझे गंभीर नुकसान पहुंचाना चाहते थे, लेकिन पूरी घटना और हमलावरों की हरकतें वहां मौजूद कैमरों में कैद हो चुकी हैं।" उन्होंने एलान किया कि इस पूरी वारदात के पुख्ता डिजिटल साक्ष्य और वीडियो रिकॉर्डिंग निश्चित रूप से कलकत्ता उच्च न्यायालय (High Court) के समक्ष प्रस्तुत किए जाएंगे। इसके साथ ही, वे इस पूरे मामले से राज्य के राज्यपाल को भी अवगत कराएंगे और न्याय के लिए अदालत की शरण में जाएंगे।
चुनावी नतीजों के बाद पहला सार्वजनिक दौरा, पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाने पहुंचे थे बनर्जी
गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के परिणाम घोषित होने के $25$ दिनों बाद अभिषेक बनर्जी का यह पहला आधिकारिक और सार्वजनिक कार्यक्रम था। वे सोनारपुर नगरपालिका के वार्ड संख्या-9 के अंतर्गत आने वाले विवेकानंदनगर क्षेत्र में चुनावी रंजिश और हिंसा के कथित पीड़ित संजू कर्माकर के परिजनों से मिलने और स्थिति का जायजा लेने पहुंचे थे। तृणमूल कांग्रेस द्वारा उनके इस संवेदनशील दौरे की रूपरेखा शुक्रवार की रात को ही सार्वजनिक की गई थी, जिसके बाद शनिवार को वहां पहुंचते ही उन्हें इस अप्रत्याशित विरोध का सामना करना पड़ा।


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