नामांकन भरते ही मीनाक्षी नटराजन का हमला, गांधी की राह पर जताया विश्वास
भोपाल:मध्य प्रदेश में राज्यसभा की तीसरी सीट के लिए सियासी मुकाबला बेहद रोमांचक हो गया है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) द्वारा इस सीट पर अपना उम्मीदवार उतारने के बाद कांग्रेस ने भी अपनी रणनीति साफ कर दी है। कांग्रेस की ओर से मीनाक्षी नटराजन ने विधानसभा पहुंचकर अपना नामांकन दाखिल कर दिया है।
नामांकन के इस महत्वपूर्ण मोड़ पर नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार, उपनेता प्रतिपक्ष हेमंत कटारे और पूर्व मंत्री जयवर्धन सिंह सहित कांग्रेस के कई दिग्गज नेता एकजुट नजर आए। पर्चा दाखिल करने के बाद मीनाक्षी नटराजन ने इस मुकाबले को वैचारिक जंग बताते हुए कहा कि यह सीधे तौर पर देश के संविधान को बचाने की लड़ाई है, जिसमें अंततः बाबा साहब अंबेडकर और बापू के आदर्शों की जीत होगी।
'गांधी बनाम गोडसे' की विचारधारा की लड़ाई
कांग्रेस प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन ने भाजपा पर तीखा हमला बोलते हुए इसे दो विचारधाराओं की लड़ाई करार दिया। उन्होंने कहा:
"कांग्रेस इस चुनौती के लिए पूरी तरह तैयार है और हम यह चुनाव मजबूती से लड़कर जीतेंगे। हमारे सभी विधायक एकजुट हैं। इस चुनावी समर में गोडसे की विचारधारा की हार तय है और महात्मा गांधी की सोच की जीत होगी।"
संख्या बल कम होने के बावजूद भाजपा ने उतारा प्रत्याशी
मीनाक्षी नटराजन ने भाजपा की राजनीतिक शुचिता पर सवाल उठाते हुए कहा कि विधानसभा में 10 विधायक कम होने के बावजूद भाजपा ने अपना तीसरा प्रत्याशी मैदान में उतारकर अपनी नीयत साफ कर दी है। उन्होंने कहा कि भाजपा पहले शुचिता की राजनीति का दम भरती थी, लेकिन उसका यह कदम उसकी कथनी और करनी के अंतर को उजागर करता है। यह लड़ाई किसी व्यक्ति विशेष की नहीं बल्कि गरिमामय राजनीति और संवैधानिक मूल्यों को अक्षुण्ण रखने की है, जिसके लिए गांधी जी ने अपनी शहादत दी थी।
क्रॉस वोटिंग और विधायकों की बाड़ेबंदी पर उमंग सिंघार का रुख
नामांकन के दौरान जब कांग्रेस विधायकों को भोपाल से बाहर शिफ्ट करने और क्रॉस वोटिंग की संभावनाओं को लेकर सवाल पूछे गए, तो नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने इन दावों को सिरे से खारिज कर दिया।
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अफवाहों पर विराम: उमंग सिंघार ने कहा कि विधायकों के बाहर जाने की बातें सिर्फ एक कोरी अफवाह हैं।
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एकजुटता का दावा: कांग्रेस के सभी विधायक पार्टी आलाकमान और वरिष्ठ नेताओं के निरंतर संपर्क में हैं।
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दिग्गजों का साथ: दिग्विजय सिंह और कमलनाथ सहित पार्टी के सभी वरिष्ठ नेता आपसी समन्वय के साथ इस चुनाव में पार्टी की जीत सुनिश्चित करने के लिए काम कर रहे हैं।
जीतू पटवारी का प्रहार: 'विधायकों की खरीद-फरोख्त में जुटी भाजपा'
मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी (MPCC) के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने भी भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व को कटघरे में खड़ा किया। उन्होंने कहा:
| नेता का नाम | दल/पद | मुख्य आरोप |
| जीतू पटवारी | पीसीसी चीफ, कांग्रेस | "एक तरफ प्रधानमंत्री देश में आर्थिक बचत की बात करते हैं, तो दूसरी तरफ उनकी पार्टी कम संख्या बल होने के बावजूद तीसरा उम्मीदवार उतारकर विधायकों की खरीद-फरोख्त (हॉर्स ट्रेडिंग) को बढ़ावा दे रही है। यह सीधे तौर पर लोकतंत्र की हत्या करने की कोशिश है।" |
इस हाई-प्रोफाइल नामांकन के बाद मध्य प्रदेश की सियासत में राज्यसभा चुनाव को लेकर सरगर्मियां चरम पर पहुंच गई हैं और दोनों ही दल अब अपने-अपने कुनबे को सहेजने में जुट गए हैं।


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